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मायावती ने किया भारत बंद का समर्थन, कहा दलित/आदिवासियों को गुलाम बनाए रखना चाहती है बीजेपी

बीएसपी सुप्रीमो मायावती ने एससी/एसटी एक्ट में बदलाव के खिलाफ पूरे देश में हो रहे आंदोलन का समर्थन करते हुए कहा कि मैं एससी/एसटी आंदोलन का समर्थन करती हूं। साथ ही उन्होंने केंद्र की मोदी सरकार पर अनुसूचित जाति और जनजाति को गुलाम बनाने का आरोप भी लगाया है।


यही नहीं, उन्होंने दलित संगठनों द्वारा पूरे देश में एससी/एसटी एक्ट में बदलाव को लेकर बुलाए गए बंद का भी समर्थन किया. हालांकि, उन्होंने इस दौरान हुई हिंसक घटनाओं की आलोचना भी की और हिंसा में शामिल लोगों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की।

मायावती ने कहा, 'मैं एससी/एसटी आंदोलन का समर्थन करती हूं. मुझे जानकारी मिली है कि कुछ लोग इस आंदोलन में हिंसा फैला रहे हैं, मैं इस हिंसक गतिविधियों की निंदा करती हूं. इस हिंसा के पीछे हमारी पार्टी का हाथ नहीं है।'

मायावती ने केंद्र सरकार द्वारा एससी/एसटी एक्ट में बदलाव के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में दायर की गई याचिका की भी तारीफ की. उन्होंने कहा, 'केंद्र सरकार द्वारा सुप्रीम कोर्ट में जो पुनर्विचार याचिका दायर की गई है वह बेदह जरूरी थी. अगर यह पहले ही दायर की गई होती तो आज भारत बंद बुलाने की जरूरत नहीं पड़ती।'

आरक्षण खत्म करने के लिए भाजपा सरकार सरकारी संस्थाओं का प्राइवेटाइजेशन करती जा रही है. इसलिए हम प्राइवेट संस्थानों में भी दलित और पिछड़ों को आरक्षण की लगातार मांग कर रहे हैं।' गौरतलब है कि एससी-एसटी एक्ट में बदलाव पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ पूरे देश में दलित संगठनों द्वारा सोमवार को भारत बंद का आयोजन किया गया. इसका व्यापक असर पूरे देश में देखने को मिला है।

मायावती ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर पिछड़ा और दलित विरोधी होने का आरोप लगाते हुए कहा कि उनकी कथनी और करनी में फर्क का ही परिणाम है कि आज लोग सड़क पर उतरे हैं. बाबा साहेब के अथक प्रयासों से जो अधिकार पिछड़े और दलित वर्ग को मिले हैं, भाजपा उन्हें छीनना चाहती है।सरकार की इन नीतियों के चलते दलितों और आदिवासियों में गुस्सा है।

मुख्य संवाददाता
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1 Comments

  •  
    manish
    2018-04-03

    You are doing very good work.

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