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राष्ट्रपति के अपमान के आरोप में पुष्कर के ब्रह्मा मंदिर के पुजारी की पिटाई

राजस्थान- पुष्कर के चर्चित ब्रह्मा मंदिर में पुजारी पर जानलेवा हमला करने का मामला सामने आया है। यहां एक अधेड़ शख्स ने पुजारी की बेहरमी से पिटाई की है। इस घटना के बारे में एक वीडियो भी वायरल हो रहा है। 

पुलिस के अनुसार आरोपी युवक धारदार हथियार के साथ मंदिर में आया था। उसके बाद मंदिर के अंदर आकर संत महादेव पुरी पर जानलेवा हमला कर दिया। हमले में संत के हाथ में चोट आई है। हालांकि आरोपी युवक को पकड़ लिया गया और पुलिस को सौंप दिया गया। पुलिस के अनुसार आरोपी युवक अशोक मेघवाल की दिमागी हालत ठीक नहीं है।

गौरतलब है कि 14 मई को राष्ट्रपति कोविंद अपनी पत्नी और बेटी के साथ पुष्कर के ब्रह्मा मंदिर गए थे जिसके बाद सोशल मीडिया पर ऐसी खबरें वायरल हुईं थीं कि जब वे मंदिर में दर्शन के लिए गए तो पुजारी ने उनके दलित होने के कारण उन्हें मंदिर में दर्शन नहीं करने दिए थे। जिस कारण उन्हें मंदिर की सीढ़ियों पर ही खड़े होकर पूजा करनी पड़ी थी। सोशल मीडिया के जरिये मिली इस खबर के बाद हमलावर ने इस घटना को अंजाम दिया है।

हालांकि राष्‍ट्रपति के प्रेस सचिव अशोक मलिक ने उस समय इस संबंध में एक ट्वीट भी किया था कि राष्‍ट्रपति का यह दौरा काफी छोटा था और उन्‍हें तत्‍काल ही मुंबई रवाना होना था। यही वजह है कि राज्‍य सरकार, मंदिर प्रशासन और पुजारियों के बार बार आग्र‍ह करने पर भी राष्‍ट्रपति मंदिर का पूरा दर्शन नहीं कर पाए। ऐसे में मंदिर के अंदर नहीं जाने का फैसला राष्‍ट्रपति का था, ना कि किसी और वजह से ये फैसला लिया गया। कम समय रहने की वजह से राष्‍ट्रपति ने मंदिर की सीढ़ियों पर ही पूजा की। पुजारी लक्ष्‍मी नारायण वशिष्ट ने पूजा करने में उनकी मदद की। राष्‍ट्रपति की बेटी जरूर मंदिर के अंदर गई थी।

मुख्य संवाददाता
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    "राष्‍ट्रपति का यह दौरा काफी छोटा था और उन्‍हें तत्‍काल ही मुंबई रवाना होना था। यही वजह है कि राज्‍य सरकार, मंदिर प्रशासन और पुजारियों के बार बार आग्र‍ह करने पर भी राष्‍ट्रपति मंदिर का पूरा दर्शन नहीं कर पाए। ऐसे में मंदिर के अंदर नहीं जाने का फैसला राष्‍ट्रपति का था," यह तर्क झूठा है वर्णाश्रनुसार राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद अतिशुद्र है तथा उनका पुष्कर मंदिर जाना वर्जित है यह नियम बनाऐ गऐ है.

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