img

शादी के बंधन में बंधीं आयरन लेडी ईरोम शर्मिला

कोडाइकनाल- मणिपुर की आयरन लेडी सामाजिक कार्यकर्ता इरोम शर्मिला ने गुरुवार को तमिलनाडु के कोडाईकनाल में अपने ब्रिटिश दोस्त डेसमंड कुटिन्हो के साथ शादी कर ली। उन्होंने वहां के सब-रजिस्टार कार्यालय में कानूनी औपचारिकताओं को पूरा किया। उनकी इस शादी का कई सामाजिक संगठन विरोध कर रहे थे, दोनों के परिवार का कोई भी सदस्य इस मौके पर उपस्थित नहीं हुआ। ईरोम ने 12 जुलाई को विवाह के लिए आवेदन किया था और विशेष विवाह अधिनियम के तहत आवेदन दिए जाने के 30 दिन के अंदर आपत्ति की जा सकती है। महेंद्रन ने इस आधार पर आपत्ति की थी कि अगर ये दंपत्ति विवाह के बाद इस पर्वतीय इलाके में रहता है तो वे वहां की कानून एवं व्यवस्था को बाधित कर सकते हैं। लेकिन तमिलनाडु के कोडइकानल के उप रजिस्ट्रार ने वी महेंद्रन द्वारा दर्ज आपत्ति को खारिज कर इरोम की शादी का रास्ता साफ कर दिया था।
उन्होंने बहुत ही सादगी से शादी समारोह किया, दोनों के धर्म अलग होने की वजह से इस विवाह को विशेष विवाह कानून-1954 के तहत मंजूरी दी गई है। हालांकि इसके लिए दोनों को तमाम कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने में करीब दो महीने लग गए। शादी के बाद शर्मिला ने कहा कि शांति की उनकी तलाश कोडाईकनाल में जाकर पूरी हुई। उन्होंने कहा कि अब वो इसी इलाके में रहेंगीं और आदिवासियों के हक की लड़ाई लडेंगीं।
ईरोम शर्मिला पूर्वोत्तर के सभी राज्यों से सशस्त्र बल विशेषाधिकार कानून (आफस्पा) हटाने के लिए करीब 16 साल तक भूख हड़ताल कर चुकी हैं, नवंबर 2000 से शुरू हुआ उनका अनशन पिछले साल अगस्त में खत्म हुआ था। इसके लिए लोग उन्हें आयरन लेडी कहकर पुकारने लगे थे, अनशन खत्म करने के बाद उन्होंने विधानसभा का चुनाव भी लड़ा, उनका दावा था कि वे अब राजनीतिक लड़ाई लड़कर आफस्पा खत्म करेंगी। लेकिन पूर्व मुख्यमंत्री इकराम इबोबी सिंह के खिलाफ उन्हें केवल 90 मत ही मिले। इससे दुखी होकर उन्होंने राजनीति छोड़ने का फैसला लिया था।   

मुख्य संवाददाता
मुख्य संवाददाता
मुख्य संवाददाता
PROFILE

' पड़ताल ' से जुड़ने के लिए धन्यवाद अगर आपको यह रिपोर्ट पसंद आई हो तो कृपया इसे शेयर करें और सबस्क्राइब करें। हम एक गैर-लाभकारी संगठन हैं। हमारी पत्रकारिता को सरकार और कॉरपोरेट दबाव से मुक्त रखने के लिए आर्थिक मदद करें।

संबंधित खबरें

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked with *

0 Comments

मुख्य ख़बरें

मुख्य पड़ताल

विज्ञापन

संपादकीय

वीडियो

Subscribe Newsletter

फेसबुक पर हमसे से जुड़े